सामाजिक अनुसंधान में नैतिक मुद्दे: एक विवेचना

Authors

  • Parhlad Singh Ahluwalia Author

Keywords:

अनुसंधान, शोध, नैतिक, सामाजिक

Abstract

अनुसंधान (शोध) एक क्रमबद्ध एवं दीर्घ अवधि की प्रक्रिया है, जो विभिन्न चरणों में पूर्ण होती है। अनुसंधान या शोध कार्य को धैर्यपूर्वक करना चाहिये, जल्दबाजी या शॉर्टकट के द्वारा किया गया शोध कार्य त्रुटियुक्त होता है। कोई भी शोध कार्य पूर्ण होने पर भविष्य हेतु उपयोगी होता है। अनुसंधानकर्ता को अनुसंधान में किसी समस्या के समाधान तथा समस्या के संदर्भ में कुछ मुख्य बातों को ध्यान में रखते हुए शोध कार्य करना चाहिये। 

 

Author Biography

  • Parhlad Singh Ahluwalia

    सम्पादक, शोधबोधालय, हिसार, हरियाणा

     

Downloads

Published

2023-12-26

How to Cite

सामाजिक अनुसंधान में नैतिक मुद्दे: एक विवेचना. (2023). थाती शोध पत्रिका, 1(1), 1-9. https://thati.net/index.php/thati/article/view/3

Similar Articles

21-30 of 33

You may also start an advanced similarity search for this article.

Most read articles by the same author(s)